Some Important Questions of Hindi

Some Important Questions of Hindi

Worksheet-1 (August 2025)

कक्षा – X | विषय – हिंदी | उत्तर-माला

नोट: व्याकरण के उत्तरों में जहाँ एक से अधिक मान्य मत मिलते हैं, वहाँ सर्वमान्य/परीक्षा-उपयुक्त विकल्प दिए गए हैं।

  1. प्रश्न 1. रेखांकित अंशों के पदबंध का भेद लिखिए

    • (i) “जो बात शैलेन्द्र के जीवन में थी”सम्बन्धवाचक/विशेषण उपवाक्य पदबंध (मुख्य वाक्य के संज्ञा/विषय का वर्णन करता है)।
    • (ii) “सुंदर और शक्तिशाली”विशेषण पदबंध (संज्ञा “युवक/तताँरा” का गुण बताता है)।
    • (iii) “सुभाष बाबू पर”सम्बंधबोधक/कारक पदबंध (अधिकरण कारक— ‘पर’ द्वारा)।
    • (iv) “कलकत्ते के प्रत्येक भाग पर”सम्बंधबोधक/कारक पदबंध (स्थान/अधिकरण सूचक समूह)।
  2. प्रश्न 2. मुहावरों के अर्थ व वाक्य

    (क) काम तमाम करना — पूरी तरह निपटा देना/समाप्त कर देना।
    वाक्य: तकनीशियन ने शाम तक सारी मरम्मत का काम तमाम कर दिया।

    (ख) मुट्ठी भर आदमी — बहुत कम लोग।
    वाक्य: विरोध में सिर्फ मुट्ठी भर आदमी शामिल हुए।

    (ग) आँखों में धूल झोंकना — धोखा देना/भ्रमित करना।
    वाक्य: झूठे वादों से जनता की आँखों में धूल झोंकी गई।

    (घ) हिम्मत टूटना — साहस/आत्मविश्वास घट जाना।
    वाक्य: पहली असफलता से उसकी हिम्मत टूट गई, पर उसने हार न मानी।

    (ङ) प्राण सूखना — भय/चिन्ता से व्याकुल होना।
    वाक्य: परिणाम सोच-सोचकर उसके प्राण सूख रहे थे।

  3. प्रश्न 3. समस्त पदों का विग्रह व समास

    • यथोचितयथा + उचित → “जैसा उचित” — अव्ययीभाव समास.
    • तिराहातीन + राह → जहाँ तीन राहें हों — द्विगु तत्पुरुष.
    • पुरुषोत्तमपुरुषाणाम् उत्तमः (पुरुषों में उत्तम) — षष्ठी तत्पुरुष मान्य
    • अंशुमालीअंशु (किरण) + माली (धारी) → किरणों का धारण करने वाला — कर्मधारय.
    • धनुर्बाणधनुष + बाणद्वन्द्व समास.
  4. प्रश्न 4. वस्तुनिष्ठ (उचित विकल्प)

    (टेक्स्ट-आधारित तथ्य कक्षा-पाठ/पाठ्यपुस्तक अनुसार)

    • (1) नेक और मददगार व्यक्ति — (ख) तताँरा
    • (2) कार-निकोबार, लिटिल अंडमान से — (ख) 96 कि.मी
    • (3) स्वतंत्रता आंदोलन में पकड़ी गई स्त्रियाँ — (ग) 103
    • (4) संयम आता है — (क) शिक्षा से तर्कसंगत
    • (5) कवि के अनुसार सबसे बड़ा विवेक — (ख) संपूर्ण मानव जाति बंधुत्व की तरह है
  5. प्रश्न 5. संक्षिप्त/लघु उत्तरीय

    1. दूसरे पद में प्रभु-दर्शन की युक्ति: कवयित्री भक्ति-भाव, विनय और आर्त पुकार की युक्ति अपनाती है—अपने अहं का समर्पण कर कृपा-दृष्टि माँगती है।
    2. मंत्र का प्रभाव किस पर नहीं: जड़, लोभी अथवा दुष्ट प्रवृत्ति वाले व्यक्ति पर मंत्र/उपदेश का प्रभाव नहीं पड़ता—वह परिवर्तन को ग्रहण ही नहीं करता।
    3. सुभाष बाबू के जुलूस में स्त्रियों की भूमिका: स्त्रियाँ साहसपूर्वक अग्रिम पंक्ति में रहीं, नारे, झंडे, प्रभात फेरियाँ—और दमन झेलकर भी आंदोलन को गति दी।
    4. तताँरा की तलवार पर मत: लोगों का मानना था कि उसकी तलवार वीरता, न्याय और संरक्षण का प्रतीक है—वह उसे कमज़ोरों की रक्षा हेतु ही उठाता है।
    5. ‘मनुष्यता’ कविता का मूलभाव: समूची मानवता एक परिवार है; जाति-धर्म-वर्ग से ऊपर उठकर करुणा, सहअस्तित्व और बंधुत्व को सर्वोच्च मानना ही सच्ची मनुष्यता है।
    6. ‘तीसरी कसम’ के नायक व कला-धर्म: फिल्म के नायक राज कपूर हैं; वे संवेदनशील, मानवीय, मूकाभिनय-प्रधान शैली और करुण-विनोद (Chaplinesque) अभिव्यक्ति के लिए प्रसिद्ध रहे।
    7. ‘हरिहर काका’ से सीख: वृद्धों/निर्धनों के शोषण के विरुद्ध खड़ा होना, कानूनी जागरूकता रखना और परिवार-समाज को संवेदना/न्याय के मूल्य सिखाना।
  6. प्रश्न 6. ई-मेल — विद्यालय में योग-शिक्षा का महत्त्व

    प्रेषक: student.name@school.in
    प्रাপক: editor@newspaper.com
    विषय: विद्यालयों में योग-शिक्षा का अनिवार्य समावेश

    मान्यवर,

    योग शारीरिक-मानसिक स्वास्थ्य, अनुशासन और एकाग्रता का प्रभावी साधन है। नियमित योगाभ्यास से विद्यार्थियों में तनाव घटता है, रोग-प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और नैतिक-आध्यात्मिक मूल्यों का विकास होता है। कृपया अपने प्रतिष्ठित दैनिक के माध्यम से शिक्षा-विभाग से निवेदन करें कि योग-शिक्षा को पाठ्यचर्या का अनिवार्य भाग बनाया जाए तथा प्रशिक्षित शिक्षकों/योग-क्लब/साप्ताहिक योग-दिवस की व्यवस्था की जाए।

    धन्यवाद सहित,
    — एक सजग अभिभावक/विद्यार्थी

  7. प्रश्न 7. ई-मेल — दुर्घटना-ग्रस्त होकर अवकाश-प्रार्थना

    प्रेषक: student.name@school.in
    प्रापक: principal@school.in
    विषय: चिकित्सीय अवकाश हेतु निवेदन

    मान्यवर प्राचार्य महोदय/महोदया,

    सादर निवेदन है कि दिनांक __/__/2025 को सड़क दुर्घटना में चोट लगने से डॉक्टर ने __ दिनों के विश्राम की सलाह दी है। अतः कृपया मुझे दिनांक __ से __ तक चिकित्सीय अवकाश प्रदान करने की कृपा करें। संलग्न: चिकित्सा-प्रमाणपत्र।

    आपकी अनुकम्पा का अपेक्षी,
    नाम, कक्षा-विभाग, अनु-संख्या

  8. प्रश्न 8. विज्ञापन — दो वर्ष पुरानी बाइक बिक्री

    बेचना है — 2 वर्ष पुरानी बाइक
    मॉडल: ____ (BS6), खरीदी: ____/2023, चालित: ____ किमी, सिंगल-ओनर, सर्विस रिकॉर्ड उपलब्ध, माइलेज उत्तम, टायर्स/बैटरी बढ़िया।
    अपेक्षित मूल्य: ₹____ (मोलभाव संभव) | स्थान: ________
    संपर्क: 9XXXXXXXXX

  9. प्रश्न 9. प्रार्थना-पत्र — पुस्तकालय हेतु हिंदी पुस्तकों/पत्रिकाओं की मांग

    सेवा में,
    प्राचार्य महोदय/महोदया,
    ____ विद्यालय, ____

    विषय: पुस्तकालय में गुणवत्तापूर्ण हिंदी पुस्तकों एवं पत्रिकाओं की मांग।

    महोदय/महोदया,

    हमारे पुस्तकालय में हिंदी के नवीन उपन्यास, निबंध-संग्रह, कविता-संग्रह तथा प्रतियोगी-उन्मुख पत्रिकाओं का अभाव है। कृपया प्रेमचंद, महादेवी, अज्ञेय, दिनकर, हरिशंकर परसाई आदि की कृतियाँ तथा आधुनिक हिंदी पत्रिकाएँ (जैसे हंस, कथादेश, विज्ञान प्रगति) उपलब्ध कराने का कष्ट करें। इससे विद्यार्थियों की भाषा-दक्षता, पठन-संस्कृति और साहित्य-रुचि में वृद्धि होगी।

    धन्यवाद सहित,
    दिनांक: __/__/2025
    प्रार्थी: नाम, कक्षा/सेक्शन, अनु-संख्या

  10. प्रश्न 10. अनुच्छेद — “हर घर तिरंगा”

    परिचय: तिरंगा भारत की अखंडता, त्याग, सत्य-अहिंसा और प्रगति का प्रतीक है—केसरिया साहस, श्वेत शांति/सत्य और हरा समृद्धि; अशोक-चक्र धर्म-चक्र का प्रतीक।

    अभियान प्रारंभ: ‘हर घर तिरंगा’ अभियान का उद्देश्य नागरिकों को राष्ट्रध्वज से भावनात्मक रूप से जोड़ना और राष्ट्रीय एकता को सुदृढ़ करना है, ताकि हर नागरिक गर्व से घर-घर तिरंगा फहराए।

    उद्देश्य: देशभक्ति का संवर्धन, संविधान-सम्मत राष्ट्रीय प्रतीक का सम्मान, सामाजिक एकता, युवा-पीढ़ी में जागरूकता, और सार्वजनिक-स्थलों/डिजिटल-माध्यमों पर सम्मानजनक प्रदर्शन।

    निष्कर्ष: तिरंगे का सम्मान केवल उत्सव नहीं, बल्कि दैनिक आचरण का हिस्सा होना चाहिए—स्वच्छ नागरिक-चर्या, कर्तव्य-निष्ठा और साम्प्रदायिक सौहार्द ही सच्चे अर्थों में ‘हर घर तिरंगा’ का दर्शन पूर्ण करते हैं।

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