मौर्य साम्राज्य राज्य-प्रशासन अर्थव्यवस्था अशोक का धम्म उसका स्वरूप और प्रचार

मौर्य साम्राज्य राज्य-प्रशासन अर्थव्यवस्था अशोक का धम्म उसका स्वरूप और प्रचार मौर्य साम्राज्य (Mauryan Empire) I. मौर्य साम्राज्य का उदय और विस्तार A. परिचय एवं संस्थापक मौर्य काल का उदय प्राचीन भारतीय इतिहास में एक मील का पत्थर है, क्योंकि इस काल में पहली बार राजनीतिक एकता (political unity) प्राप्त हुई थी। B. कलिंग युद्ध … Read more

उत्तर भारत में नए धार्मिक आंदोलन – जैन धर्म, बौद्ध धर्म

उत्तर भारत में नए धार्मिक आंदोलन – जैन धर्म, बौद्ध धर्म उत्तर भारत में नए धार्मिक आंदोलन – जैन धर्म और बौद्ध धर्म I. नए धार्मिक आंदोलनों के उदय के कारण (Causes for the Rise of New Religious Movements) छठी शताब्दी ईसा पूर्व (6th century BCE) के आसपास प्राचीन भारत में एक महत्वपूर्ण धार्मिक और … Read more

द्वितीयः पाठः — बिलस्य वाणी न कदापि मे श्रुता

द्वितीयः पाठः — बिलस्य वाणी न कदापि मे श्रुता कस्मिश्चित् वने खरनखरः नाम सिंहः प्रतिवसति स्म। शब्दार्थ:कस्मिश्चित् = किसी, वने = वन में, खरनखरः = तीखे नाखूनों वाला, नाम = नाम का, सिंहः = शेर, प्रतिवसति स्म = रहता था। भावार्थ:किसी वन में खरनखर नाम का एक शेर रहता था। सः कदाचित् इतस्ततः परिभ्रमन् क्षुधार्तः … Read more

लौह युगीन संस्कृति, महापाषाणकालीन उत्तर और दक्कन, प्रादेशिक राज्य का उदय

लौह युगीन संस्कृति, महापाषाणकालीन उत्तर और दक्कन, प्रादेशिक राज्य का उदय लौह युग एवं प्रादेशिक राज्यों का उदय भारतीय इतिहास में छठी शताब्दी ईसा पूर्व को एक प्रमुख मोड़ के रूप में माना जाता है। यह वह काल था जब उत्तर वैदिक काल के छोटे जनपदों का परिवर्तन शक्तिशाली क्षेत्रीय राज्यों (महाजनपदों) में हुआ, जिसका … Read more

वैदिक साहित्य में परिलक्षित संस्कृति, राजनीति, धर्म और अर्थव्यवस्था

वैदिक साहित्य में परिलक्षित संस्कृति, राजनीति, धर्म और अर्थव्यवस्था वैदिक साहित्य में परिलक्षित संस्कृति, राजनीति, धर्म और अर्थव्यवस्था वैदिक साहित्य (वेद, ब्राह्मण, आरण्यक, उपनिषद) प्राचीन भारतीय इतिहास के अध्ययन के लिए प्रमुख साहित्यिक स्रोत हैं। वैदिक काल को मुख्यतः दो भागों में विभाजित किया गया है: ऋग्वैदिक काल (लगभग 1500 ईसा पूर्व से 1000 ईसा … Read more

हड़प्पा सभ्यता – उत्पत्ति, विस्तार, नगर नियोजन, आर्थिक संगठन, कला और स्थापत्य

हड़प्पा सभ्यता – उत्पत्ति, विस्तार, नगर नियोजन, आर्थिक संगठन, कला और स्थापत्य हड़प्पा सभ्यता: उत्पत्ति, विस्तार, नगर नियोजन, आर्थिक संगठन, कला और स्थापत्य सिंधु घाटी सभ्यता (Indus Valley Civilization-IVC) को हड़प्पा सभ्यता के नाम से भी जाना जाता है। यह कांस्य युग (Bronze Age) की एक नगरीय सभ्यता थी। हड़प्पा सभ्यता भारतीय संस्कृति की लंबी … Read more

मध्यपाषाण, संस्कृति, प्रौद्योगिकी में नवीन विकास, नवपाषाण संस्कृति की अवधारणा, अंत्येष्टि प्रथा के प्रकार

बी.ए. के छात्रों के लिए मध्यपाषाण, नवपाषाण संस्कृति की अवधारणा, प्रौद्योगिकी में नवीन विकास, और अंत्येष्टि प्रथा के प्रकार पर विस्तृत नोट्स और दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर यहाँ दिए गए स्रोतों के आधार पर प्रस्तुत हैं: मध्यपाषाण एवं नवपाषाण संस्कृति: नोट्स एवं प्रश्नोत्तर पुरापाषाण और मध्यपाषाण काल सामाजिक विकास की आखेटक-संग्राहक अवस्था को दर्शाते हैं। मध्यपाषाण … Read more

पुरापाषाण संस्कृति का क्रम, वितरण, औजार, प्रकारविज्ञान

पुरापाषाण संस्कृति का क्रम, वितरण, औजार, प्रकारविज्ञान पुरापाषाण संस्कृति: क्रम, वितरण, औजार, एवं प्रकारविज्ञान पुरापाषाण काल (Palaeolithic) प्रागैतिहासिक युग का वह समय है जब मानव ने पत्थर के औजार बनाना सबसे पहले आरंभ किया। यह काल लगभग 25-20 लाख साल पूर्व से लेकर 12,000 साल पूर्व तक माना जाता है। पुरातात्विक स्रोत साहित्यिक स्रोतों से … Read more

प्राचीन भारतीय इतिहास के स्रोत

प्राचीन भारतीय इतिहास के स्रोत प्राचीन भारतीय इतिहास के स्रोत पर संक्षिप्त नोट्स (Short Notes on Sources of Ancient Indian History) प्राचीन भारतीय इतिहास के पुनर्निर्माण और समझ के लिए साक्ष्यों की दो व्यापक श्रेणियों पर निर्भरता होती है: साहित्यिक स्रोत (Literary Sources) और पुरातात्विक स्रोत (Archaeological Sources)। I. पुरातात्विक स्रोत (Archaeological Sources) पुरातात्विक स्रोत … Read more

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